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प्रॉपर्टी व किराये की समस्याएँ — लखनऊ और दिल्ली में कानूनी मदद

आप किरायेदार हों, मकान मालिक, खरीदार या वारिस — प्रॉपर्टी की समस्याओं के लिए सही फ़ोरम और सही कागज़ात चाहिए। हम दोनों संभालते हैं।

2 कामकाजी घंटों में कॉल बैक शुरू से अंत तक एक कोऑर्डिनेटर सारी फ़ीस पहले से तय सत्यापित विशेषज्ञ

चरण 1 / 2

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प्रॉपर्टी व किरायेदारी

आम स्थितियाँ जिन्हें हम संभालते हैं

LawPaw का वादा

बिना झंझट, तेज़ और पूरी पारदर्शिता

2 कामकाजी घंटों में कॉल बैक

कामकाजी घंटों में (सोमवार–शनिवार, सुबह 9 से रात 8 बजे)। गिरफ़्तारी या ज़मानत जैसे ज़रूरी मामलों को प्राथमिकता।

शुरू से अंत तक एक कोऑर्डिनेटर

एक ही व्यक्ति जो आपका मामला जानता है — न बार-बार कहानी दोहराना, न किसी के पीछे भागना।

हर फ़ीस पहले से बताई जाती है

LawPaw की सुविधा शुल्क, विशेषज्ञ की फ़ीस और सरकारी शुल्क — भुगतान से पहले लिखित में। कोई छुपा शुल्क नहीं।

केवल सत्यापित विशेषज्ञ

किसी को भी आपके मामले पर लगाने से पहले बार काउंसिल, ICAI या ICSI नामांकन की जाँच।

संतुष्ट नहीं? बदल देंगे

विशेषज्ञ से संतुष्ट नहीं हैं तो कोऑर्डिनेटर को बताइए, हम दूसरे की व्यवस्था में मदद करेंगे।

ज़रूरत हो तो घर पर

दस्तावेज़ पिकअप, हस्ताक्षर, नोटरी और ई-स्टांप डिलीवरी आपके घर या ऑफ़िस पर।

कोई भी ईमानदार सेवा कोर्ट केस के नतीजे की गारंटी नहीं दे सकती — लेकिन हर कदम पर हमारे साथ की गारंटी है।

सवाल-जवाब

लोग अक्सर पूछते हैं

क्या मकान मालिक पेंटिंग का ख़र्च काट सकता है?+

तभी जब एग्रीमेंट में लिखा हो या सामान्य टूट-फूट से ज़्यादा नुक़सान हुआ हो। अनुचित कटौती को चुनौती दी जा सकती है।

लिखित एग्रीमेंट के बिना किरायेदार को निकाल सकते हैं?+

हाँ, लेकिन किरायेदारी की शर्तें साबित करना कठिन होता है। बेदख़ली फिर भी क़ानूनी प्रक्रिया से ही होगी।

कितने साल का टाइटल जाँचना चाहिए?+

आम तौर पर कम से कम 30 साल का टाइटल इतिहास देखा जाता है, प्रॉपर्टी के अनुसार।

रिफ़ंड लें या देरी का ब्याज?+

यह प्रोजेक्ट की प्रगति और आपकी ज़रूरत पर निर्भर है। वकील शिकायत से पहले दोनों की तुलना कर सकते हैं।

क्या दाख़िल-ख़ारिज स्वामित्व साबित करता है?+

नहीं। दाख़िल-ख़ारिज राजस्व और टैक्स रिकॉर्ड के लिए है; स्वामित्व टाइटल दस्तावेज़ों से तय होता है। फिर भी व्यावहारिक रूप से यह ज़रूरी है।

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